अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव: स्टॉलों पर बाजरे की रोटी, मक्कई की रोटी, चूरमें की सुगंध लुभा रही पर्यटक

सरी ओर हरियाणवी खाण-पाण के स्टॉलो पर देश-विदेशों से आये पर्यटकों की अपार भीड़ उमड रही है



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कुरुक्षेत्र। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर सोमनाथ सचदेवा के कुशल मार्गदर्शन में युवा एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम विभाग की ओर से अंतराष्ट्रीय गीता जयंती के अवसर पर हरियाणा पेवलियन में देश-विदेशों से आये पर्यटकों की भीड़ उमड़ रही है। पेवेलियन में एक ओर जहाँ कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के विभागों के विद्यार्थी स्वयं एवं भारत को आत्मनिर्भर बनाने के लिए विभिन्न स्टॉल लगाये हुए हैैं। वही, मीडिया चौपाल पर हरियाणा संस्कृति और गीता के संदेशों का प्रचार प्रसार हो रहा है वही दूसरी ओर हरियाणवी खाण-पाण के स्टॉलो पर देश-विदेशों से आये पर्यटकों की अपार भीड़ उमड रही है।

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युवा एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम विभाग के निदेशक और हरियाणा पेवेलियन

इस अवसर पर युवा एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम विभाग के निदेशक और हरियाणा पेवेलियन के संयोजक प्रो. विवेक चावला ने कहा कि पिछले दो वर्षाे की भांति हरियाणा पवेलियन में खान-पाण के विभिन्न स्टॉल लगाये जाते रहे हैं। इस बार इन स्टॉलों पर कुलपति प्रोफेसर सोमनाथ सचदेवा के विशेष निर्देशानुसार हरियाणवी खाण-पाण में सर्दियों में बनने वाले खाण-पाण पर विशेष ध्यान दिया गया है। प्रोफेसर विवेक चावला ने कहा कि कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय कुरुक्षेत्र हरियाणा की समृद्ध संस्कृति के संरक्षण और प्रचार-प्रसार में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका का तो विशेष निर्वाहन कर करता ही है उसी प्रकार पर्यटकों की आवभगत के लिए हरियाणा पवेलियन में हरियाणवी खाण-पाण पर विशेष जोर दे रही है। 


 हरा साग, बाजरे की रोटी, मक्कई की रोटी, चूरमा

प्रो. चावला ने कहा कि स्टॉलों पर
हरा साग, बाजरे की रोटी, मक्कई की रोटी, चूरमा, सरसों का साग और हरियाणवी जलेबी खासकर गोहाना की जलेबियों का प्रबंध है। जिसका पर्यटक अपने परिवार, दोस्तों के साथ आनंद ले रहे हैैं। उन्होंने कहा कि हरियाणा खाण-पाण को स्टॉल को संचालित करने वाले प्रेमपाल और शिवा अपनी टीम के साथ जन-जन की सेवा में लगे हुए है जो बेहद काबिले तारीफ है।


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