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| पीड़िता कुलदीप उर्फ बिट्टू, जाति जाट, निवासी खचवाना up to date |
हनुमानगढ़/भादरा। भादरा थाना क्षेत्र में मारपीट, धमकी और कथित पुलिस संरक्षण का एक गंभीर मामला सामने आया है। इस मामले में पीड़िता कुलदीप उर्फ बिट्टू (30 वर्ष), जाति जाट, निवासी खचवाना, हाल निवासी वाल्मीकि चौक अनाज मंडी के समीप भादरा ने हनुमानगढ़ पुलिस अधीक्षक हरिशंकर से मिलकर न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई करने और भादरा थानाधिकारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने की मांग की है। up to date
पीड़िता ने एसपी को सौंपे गए परिवाद में बताया कि वह विश्व हिंदू परिषद भादरा की सेवा प्रमुख हैं और किन्नर समुदाय से संबंधित हैं। वह लंबे समय से क्षेत्र में समाज के भले और विकास के लिए विभिन्न सेवा कार्य करती आ रही हैं। पीड़िता का कहना है कि सामाजिक सेवा करना उनका उद्देश्य है और वह बिना किसी भेदभाव के जरूरतमंद लोगों की सहायता करती हैं। up to date
परिवाद के अनुसार, 14 जनवरी को पीड़िता ने भादरा स्थित श्री गोशाला में गुड़ भेंट किया था। इसके साथ-साथ उन्होंने जरूरतमंद लोगों को ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े और रेवड़ी आदि का वितरण भी किया। इस सेवा कार्य का वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड किया गया, जो क्षेत्र में चर्चा का विषय बना।
पीड़िता का आरोप है कि इस सेवा कार्य से जाकिर पुत्र ज्ञान मोहम्मद निवासी वार्ड नंबर दो बिहारीपुरा बास भादरा, शिल्पा उर्फ सुभाष पुत्र प्रदीप निवासी नेठराना तथा काकू उर्फ बॉबी निवासी भादरा नाराज हो गए। इन लोगों ने पीड़िता के साथ रंजिश रखनी शुरू कर दी और उसे धमकियां दीं। आरोप है कि पीड़िता से कहा गया कि वह “नेतागिरी” बंद करे और सामाजिक कार्य न करे। उसे अपमानजनक शब्दों में यह भी कहा गया कि उसका काम केवल बधाई मांगने तक सीमित है। up to date
पीड़िता ने इन धमकियों को नजरअंदाज किया, जिसके बाद आरोपियों के हौसले और बुलंद हो गए। 17 जनवरी को दोपहर करीब दो बजे पीड़िता अपने साथियों मुकेश उर्फ ममता, प्रहलाद उर्फ चंचल, पवन, हनुमान उर्फ जाटनी और सुनील उर्फ सुशील के साथ बोलेरो गाड़ी में सवार होकर हिसार बाईपास मार्ग से अपने भादरा स्थित डेरे की ओर जा रही थी।
इसी दौरान शिल्पा, काजल, शालू और जाकिर सहित अन्य लोगों ने बोलेरो कैंपर और एक स्कॉर्पियो गाड़ी से पीड़िता की गाड़ी का पीछा किया। आरोप है कि रास्ता रोकने और गाड़ी में टक्कर मारने का प्रयास भी किया गया। पीड़िता की सतर्कता के चलते वह किसी तरह अपने डेरे तक सुरक्षित पहुंच गई। up to date
घटना के बाद पीड़िता अपने साथियों के साथ भादरा थाना पहुंची और पूरे घटनाक्रम की जानकारी देते हुए प्रार्थना पत्र सौंपा। पीड़िता का कहना है कि थानाधिकारी ने कार्रवाई का आश्वासन दिया, लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
लगभग आधे घंटे बाद दुनियाराम नामक एक पुलिसकर्मी ने पीड़िता को फोन कर पुनः थाने बुलाया। जब वह थाने पहुंची तो वहां आरोपी जाकिर, शिल्पा, बॉबी और 10-12 अन्य झगड़ालू प्रवृत्ति के लोग मौजूद थे, जो थानाधिकारी के साथ बैठकर चाय पी रहे थे। आरोप है कि इन लोगों ने थानाधिकारी के सामने ही पीड़िता को डराया-धमकाया।
पीड़िता ने जब थानाधिकारी हनुमानाराम बिश्नोई से आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की तो उन्होंने इनकार कर दिया। उल्टा पीड़िता को अपशब्द कहकर थाने से बाहर जाने को कहा गया और सार्वजनिक रूप से अपमानित किया गया। up to date
इसके बाद पीड़िता और उसके साथी थाना परिसर से बाहर आए, जहां आरोपियों ने उन्हें घेर लिया। आरोप है कि थाने के सामने सड़क पर ही ईंट-पत्थर उठाकर पीड़िता और उसके साथियों पर हमला किया गया और बुरी तरह मारपीट की गई। इस दौरान पुलिसकर्मी मौके पर मौजूद होने के बावजूद मूकदर्शक बने रहे।
पीड़िता के अनुसार, जब वे जान बचाकर दोबारा थाना परिसर में पहुंचे तो भी कोई ठोस मदद नहीं की गई। आरोप है कि थानाधिकारी ने पीड़िता के साथ बेहद अभद्र और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया और उसके आत्मसम्मान को ठेस पहुंचाई। up to date
मारपीट में घायल हुए साथियों को बाद में अस्पताल में भर्ती कराया गया। पीड़िता का कहना है कि पूरे घटनाक्रम से वह मानसिक रूप से आहत है और उसे न्याय की उम्मीद केवल उच्च अधिकारियों से ही है।
परिवाद में यह भी बताया गया है कि इस पूरी घटना के वीडियो फुटेज और ऑडियो रिकॉर्डिंग पीड़िता के पास सुरक्षित हैं, जिनमें कथित रूप से थानाधिकारी द्वारा कही गई आपत्तिजनक बातें भी दर्ज हैं। पीड़िता का आरोप है कि इससे पहले भी उसके साथ मारपीट, गाली-गलौच और जानलेवा हमले की घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन पुलिस की कथित मिलीभगत के चलते आरोपियों पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। up to date
आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया जाए: पीड़िता
पीड़िता ने एसपी से मांग की है कि आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उन्हें तुरंत गिरफ्तार किया जाए। साथ ही भादरा थानाधिकारी द्वारा पद का दुरुपयोग करने, अपराधियों को संरक्षण देने और पीड़िता को सार्वजनिक रूप से अपमानित करने के आरोपों की निष्पक्ष जांच कर सख्त विभागीय कार्रवाई की जाए।
इस संबंध में हनुमानगढ़ पुलिस अधीक्षक हरिशंकर ने मामले की निष्पक्ष जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। परिवाद सौंपते समय पीड़िता के साथ उसके कई साथी भी मौजूद रहे। up to date

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