Sucess Story : विधवा मां की पेंशन से पढ़ाई, डेविड मानधनिया का सहायक प्रोफेसर तक का सफर

 डेविड मानधनिया को बधाई देते हुए।

....यदि मन में कुछ कर गुजरने के जुनून और जज्बा के साथ साथ उचित मोटिवेशन और पर्याप्त आर्थिक सहयोग मिल जाए तो फिर सभी रुकावटें अपने आप दूर होती चली जाती हैं। एक कहावत  भी है कि अगर ठान लें तो जीत व मान लें तो हार इसी कहावत को चरितार्थ किया है जिला सिरसा के गांव भंभूर निवासी डेविड मानधनिया ने। जिला सिरसा के गांव भंभूर निवासी डेविड मानधनिया, जिसका कॉलेज कैडर में सहायक प्रोफेसर के पद पर चयन हुआ है।


 उल्लेखनीय है कि डेविड एक बहुत ही निर्धन परिवार का लड़का है जिसके सिर से पिता का साया काफी समय पहले उठ गया और आय का स्रोत मां की केवल विधवा पेंशन थी, उसने अपनी मां और एक भाई के साथ छोटे से घर में रहते हुए पढ़ाई जारी रखी और एमए में सीडीएलयू में टॉप किया था। दक्ष प्रजापति एजूकेशन ट्रस्ट के प्रधान प्रो. आरसी लिंबा ने बताया कि किसी परिचित ने डेविड को उनसे मिलवाया तो उन्होंने उसकी प्रतिभा को पहचान कर और उसके घरेलू आर्थिक हालात को देखते हुए उसे सिविल सेवा की तैयारी के लिए दिल्ली भेजा और वहां रहने, कोचिंग फीस आदि की व्यवस्था की।


 डेविड ने भी ट्रस्ट की उम्मीदों पर खरा उतरते हुए सिविल सेवा की तैयारी के साथ-साथ हरियाणा लोक सेवा आयोग की सहायक प्रोफेसर की भर्ती परीक्षा में शामिल होकर मेरिट सूची में उत्कृष्ट स्थान पाकर सफलता अर्जित कर परिवार, ट्रस्ट व समाज का नाम रोशन किया है।


 इस उपलब्धि पर दक्ष प्रजापति एजूकेशन ट्रस्ट के पदाधिकारी एवं ट्रस्टी  प्रो. आरसी लिंबा, दलीप वर्मा, अनिल आईतान, रामदत्त सेवटा ने डेविड को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी। डेविड ने अपनी इस उपलब्धि के लिए दक्ष प्रजापति एजूकेशन ट्रस्ट का आभार व्यक्त किया।

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